डेटिंग ऐप्स पर बढ़ा Astrology Craze, राशियों से तय हो रही कम्पैटिबिलिटी
भारत में युवा अब डेटिंग को लेकर ज्यादा गंभीर और जागरूक हो रहे हैं टिंडर की रिपोर्ट के मुताबिक, युवा अब इमोशनल ईमानदारी, असली कनेक्शन और बेहतर कम्पैटिबिलिटी को महत्व दे रहे हैं. इसी ट्रेंड को देखते हुए Astrology Mode भी तेजी से लोकप्रिय हो रहा है.
आजकल भारत में युवाओं की डेटिंग का तरीका बदल रहा है। अब सिर्फ टाइमपास या “देखते हैं क्या होता है” वाली सोच कम हो रही है. युवा अब साफ तौर पर जानना चाहते हैं कि उन्हें रिश्ते में क्या चाहिए और वे सामने वाले से क्या उम्मीद रखते हैं.
रिश्तों में इमोशनल ईमानदारी और असली कनेक्शन को ज्यादा महत्व-
टिंडर की रिपोर्ट के मुताबिक, ज्यादातर युवा अब रिश्तों में इमोशनल ईमानदारी और असली कनेक्शन को ज्यादा महत्व दे रहे हैं. लोग ऐसे पार्टनर चाहते हैं जिनके साथ वे बिना दिखावे के खुद जैसे हैं वैसे रह सकें.

डेटिंग में ज्योतिष का ट्रेंड भी तेजी से बढ़ रहा-
इसी वजह से डेटिंग में ज्योतिष यानी राशियों का ट्रेंड भी तेजी से बढ़ रहा है. कई युवा अब प्रोफाइल में अपनी राशि डालते हैं और उसी के जरिए बातचीत शुरू करते हैं. उनके लिए यह सिर्फ मजाक या टाइमपास नहीं, बल्कि अपनी पर्सनालिटी दिखाने और कम्पैटिबिलिटी समझने का एक तरीका बन गया है.

एस्ट्रोलॉजी मोड-
टिंडर का नया “एस्ट्रोलॉजी मोड” भी इसी सोच को ध्यान में रखकर बनाया गया है। इसमें यूजर अपनी जन्मतिथि, समय और जगह डालकर अपना सन साइन, मून साइन और राइजिंग साइन जान सकते हैं इससे उन्हें अपनी पर्सनालिटी और दूसरे लोगों के साथ कम्पैटिबिलिटी समझने में मदद मिलती है.

आज के युवा रिश्तों को लेकर पहले से ज्यादा जागरूक-
रिलेशनशिप एक्सपर्ट डॉ. चांदनी तुगनैत का कहना है कि आज के युवा रिश्तों को लेकर पहले से ज्यादा जागरूक हो गए हैं. वे ऐसे रिश्तों में समय नहीं लगाना चाहते जो उन्हें सही न लगें. हालांकि, उनका यह भी कहना है कि सिर्फ राशि देखकर रिश्ता तय नहीं करना चाहिए. असली रिश्ता बातचीत, भरोसे और साथ निभाने से बनता है.

कुल मिलाकर, युवा भारत अब डेटिंग को ज्यादा समझदारी, आत्म-जागरूकता और असली कनेक्शन के साथ देख रहा है.