दिल्ली के लाजपत नगर में खुला आकाश इनविक्टस–इंजीनियरिंग 2.0 सेंटर, 700 छात्रों के पढ़ने की क्षमता
दिल्ली के लाजपत नगर में आकाश इनविक्टस–इंजीनियरिंग 2.0 सेंटर शुरू हुआ। 14 क्लासरूम वाले इस सेंटर में एक शिफ्ट में 700 छात्र पढ़ सकेंगे।
इंजीनियरिंग की तैयारी करने वाले छात्रों के लिए अच्छी खबर है। आकाश एजुकेशन सर्विसेज लिमिटेड (AESL) ने दक्षिणी दिल्ली के लाजपत नगर-IV में अपना नया आकाश इनविक्टस–इंजीनियरिंग 2.0 सेंटर शुरू किया है। इस सेंटर का उद्देश्य छात्रों को JEE Main, JEE Advanced और दूसरी इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी के लिए बेहतर सुविधाएं और सही मार्गदर्शन देना है।
उद्घाटन पारंपरिक पूजा और हवन के साथ-
सेंटर का उद्घाटन पारंपरिक पूजा और हवन के साथ किया गया। इसके बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस हुई, जिसमें संस्थान के प्रतिनिधियों ने नए सेंटर और इंजीनियरिंग की तैयारी के लिए शुरू किए गए प्रोग्राम के बारे में जानकारी दी।

10,150 वर्ग फुट में बना है नया सेंटर-
लाजपत नगर में शुरू किया गया यह सेंटर 10,150 वर्ग फुट में फैला हुआ है। यहां कुल 14 क्लासरूम बनाए गए हैं और एक शिफ्ट में करीब 700 छात्र पढ़ाई कर सकेंगे। इससे दक्षिणी दिल्ली और आसपास के इलाकों के उन छात्रों को फायदा मिल सकता है, जो इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी करना चाहते हैं।
कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (CET) परीक्षाओं की तैयारी-
यहां छात्रों को JEE Main, JEE Advanced, BITSAT और विभिन्न राज्यों की स्टेट कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (CET) परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी।
पढ़ाई के साथ टेस्ट और व्यक्तिगत मार्गदर्शन पर जोर-
आकाश इनविक्टस–इंजीनियरिंग 2.0 प्रोग्राम को अक्टूबर 2026 में देशभर में शुरू किया गया है। इसका मकसद छात्रों की तैयारी को व्यवस्थित बनाना और उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं में बेहतर प्रदर्शन करने में मदद करना है। इस प्रोग्राम में अनुभवी शिक्षकों के साथ पढ़ाई, शोध पर आधारित स्टडी मटीरियल, नियमित टेस्ट और छात्रों के प्रदर्शन का विश्लेषण करने पर जोर दिया गया है।टेस्ट के जरिए छात्र यह समझ सकेंगे कि किन विषयों में उनकी तैयारी अच्छी है और किन टॉपिक्स पर उन्हें ज्यादा मेहनत करने की जरूरत है। इसके अलावा, छात्रों को डाउट क्लियर करने की सुविधा और लगातार मेंटरशिप भी दी जाएगी।

छात्रों की क्षमता के हिसाब से होंगे चार बैच-
आकाश इनविक्टस–इंजीनियरिंग 2.0 में छात्रों की पढ़ाई की जरूरतों और शैक्षणिक लक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए चार तरह के बैच बनाए गए हैं। इनमें ऐस (Ace), अचीवर (Achiever), एक्सेलरेटर (Accelerator) और एपेक्स (Apex) शामिल हैं।
व्यवस्था का उद्देश्य-
इस व्यवस्था का उद्देश्य छात्रों को उनकी जरूरत के मुताबिक पढ़ाई में आगे बढ़ने और अपने प्रदर्शन में सुधार करने में मदद करना है। साथ ही, छात्रों और अभिभावकों को भी पढ़ाई में प्रगति और लक्ष्य तक पहुंचने के लिए जरूरी प्रयासों की जानकारी दी जाएगी।
JoSAA काउंसलिंग में भी मिलेगी मदद-
इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी के साथ-साथ छात्रों को JoSAA काउंसलिंग से जुड़ा मार्गदर्शन भी दिया जाएगा। इससे छात्रों को परीक्षा के बाद कॉलेज और सीट आवंटन की प्रक्रिया को समझने में मदद मिल सकेगी।

मेंटरशिप की सुविधा भी-
क्लासरूम में पढ़ाई के अलावा डाउट सपोर्ट और लगातार मेंटरशिप की सुविधा भी प्रोग्राम का हिस्सा है, ताकि छात्र अपनी तैयारी के अलग-अलग चरणों में सही दिशा में आगे बढ़ सकें।
छात्रों को बेहतर माहौल देने की कोशिश-
इस मौके पर आकाश एजुकेशन सर्विसेज लिमिटेड के चीफ एकेडमिक एंड बिजनेस हेड डॉ. यश पाल ने कहा कि लाजपत नगर में नए सेंटर की शुरुआत दक्षिणी दिल्ली के छात्रों को इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी के लिए बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं देने की दिशा में एक अहम कदम है।

पढ़ाई का अच्छा माहौल-
उन्होंने बताया कि इनविक्टस प्रोग्राम में अनुभवी फैकल्टी, स्टडी मटीरियल, छात्रों के प्रदर्शन का विश्लेषण और लगातार मार्गदर्शन को एक साथ जोड़ा गया है। संस्थान का प्रयास है कि छात्रों को इंजीनियरिंग में अपने लक्ष्य हासिल करने के लिए जरूरी सहयोग और पढ़ाई का अच्छा माहौल मिल सके।
देशभर में लागू किया जा रहा है प्रोग्राम-
आकाश इनविक्टस–इंजीनियरिंग 2.0 को देशभर में आकाश के सेंटरों पर लागू किया जा रहा है। इसकी शुरुआत मौजूदा छात्रों के साथ की गई है और अब नए दाखिले लेने वाले छात्रों को भी इससे जोड़ा जा रहा है। प्रोग्राम को समझाने के लिए अलग-अलग सेंटरों पर ओरिएंटेशन सेशन भी आयोजित किए जा रहे हैं।

दक्षिणी दिल्ली में अपनी मौजूदगी मजबूत-
लाजपत नगर में नए सेंटर के खुलने से आकाश एजुकेशन सर्विसेज लिमिटेड को दक्षिणी दिल्ली में अपनी मौजूदगी मजबूत करने में मदद मिलेगी। वहीं, इंजीनियरिंग की तैयारी कर रहे छात्रों को एक ही जगह पर पढ़ाई, नियमित टेस्ट, मेंटरशिप और प्रवेश प्रक्रिया से जुड़े मार्गदर्शन की सुविधाएं मिल सकेंगी।