जीनत अमान का शादी और लिव-इन पर बड़ा बयान, बोलीं- कानूनी कमिटमेंट से पहले परखें रिश्ता

जीनत अमान ने शादी और रिश्तों को लेकर अपनी बेबाक राय रखते हुए लिव-इन रिलेशनशिप की वकालत की है। उनका कहना है कि शादी जैसे कानूनी कमिटमेंट से पहले कपल्स को साथ रहकर अपनी कंपैटिबिलिटी, सोच और जिम्मेदारियों को समझना चाहिए। उन्होंने कहा कि 15 साल दुखी रहने से बेहतर 5 साल खुशी से रहना है। जीनत के मुताबिक रिश्ते में प्यार के साथ समझ, तालमेल और समझौता भी जरूरी है।

जीनत अमान का शादी और लिव-इन पर बड़ा बयान, बोलीं- कानूनी कमिटमेंट से पहले परखें रिश्ता

बॉलीवुड की दिग्गज अभिनेत्री जीनत अमान एक बार फिर अपने बेबाक बयान को लेकर चर्चा में हैं। 74 साल की अभिनेत्री ने शादी और रिश्तों को लेकर अपनी राय खुलकर रखी है। उनका कहना है कि शादी जैसा कानूनी कमिटमेंट करने से पहले कपल्स को एक-दूसरे के साथ रहकर अपनी कंपैटिबिलिटी जरूर समझनी चाहिए।

मुश्किल परिस्थितियों में एक-दूसरे के साथ कितना तालमेल-

जीनत अमान का मानना है कि सिर्फ कुछ घंटों के लिए एक-दूसरे का अच्छा पक्ष देखना और जिंदगीभर साथ रहने का फैसला करना अलग-अलग बातें हैं। उनके मुताबिक, साथ रहकर ही यह पता चलता है कि दो लोग रोजमर्रा की जिंदगी, जिम्मेदारियों और मुश्किल परिस्थितियों में एक-दूसरे के साथ कितना तालमेल बैठा पाते हैं।

‘15 साल दुखी रहने से बेहतर 5 साल खुश रहो’-

जीनत ने अपनी बात रखते हुए कहा कि अगर किसी रिश्ते में दो लोग खुश नहीं हैं और उनके बीच तालमेल नहीं है, तो सिर्फ कानूनी रिश्ते में बने रहना जरूरी नहीं है। उन्होंने सवाल किया कि क्या 15 साल दुखी रहने के बजाय 5 साल खुशी से रहना बेहतर नहीं होगा। अभिनेत्री के मुताबिक, शादी से पहले यह समझना जरूरी है कि दोनों लोगों की सोच और प्राथमिकताएं कितनी मिलती हैं। बच्चों की परवरिश, पैसों से जुड़े फैसले और रोजमर्रा की जिंदगी को लेकर दोनों की राय क्या है, इन बातों पर भी पहले से समझ बनना जरूरी है।

‘हनीमून वाला दौर हमेशा नहीं चलता’-

जीनत अमान ने रिश्तों को लेकर एक और अहम बात कही। उनका कहना है कि किसी भी रिश्ते में शुरुआत जैसा रोमांस हमेशा कायम नहीं रहता। समय के साथ रिश्ते बदलते हैं और उन्हें बनाए रखने के लिए समझ, तालमेल और समझौते की जरूरत पड़ती है। उनके मुताबिक, अगर कोई यह सोचता है कि रिश्ते में हमेशा हनीमून वाला दौर बना रहेगा, तो यह वास्तविकता नहीं है। लंबे रिश्ते को चलाने के लिए दोनों पार्टनर्स को एक-दूसरे को समझना और परिस्थितियों के साथ खुद को ढालना पड़ता है।

अपने बेटों को भी देती हैं यही सलाह-

जीनत अमान पहले भी लिव-इन रिलेशनशिप को लेकर अपनी राय जाहिर कर चुकी हैं। उन्होंने बताया था कि वह अपने दोनों बेटों अजान और जहान को भी शादी से पहले अपने पार्टनर के साथ रहने की सलाह देती हैं। उनका तर्क है कि परिवारों को रिश्ते में शामिल करने और शादी का फैसला लेने से पहले दोनों लोगों को यह समझ लेना चाहिए कि वे वास्तव में एक-दूसरे के लिए सही हैं या नहीं।

‘क्या आप एक-दूसरे के साथ सच में रह सकते हैं?’

जीनत ने सोशल मीडिया पर अपनी पिछली पोस्ट में भी रिश्तों को लेकर कई सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा था कि दिन में कुछ घंटों के लिए अपना सबसे अच्छा रूप दिखाना आसान होता है, लेकिन असली परीक्षा तब होती है जब दो लोग रोज एक साथ रहते हैं।क्या आप एक-दूसरे के खराब मूड को संभाल सकते हैं? क्या आप घर की छोटी-छोटी बातों पर होने वाले मतभेद सुलझा सकते हैं? क्या आप रोजमर्रा की जिम्मेदारियां बांट सकते हैं और मुश्किल समय में एक-दूसरे का साथ दे सकते हैं? जीनत के मुताबिक, इन सवालों के जवाब किसी भी बड़े कमिटमेंट से पहले जानना जरूरी है।

निजी जिंदगी के अनुभवों से भी जुड़ी है राय-

जीनत अमान की शादीशुदा जिंदगी भी आसान नहीं रही। उन्होंने 1978 में अभिनेता संजय खान से शादी की थी, लेकिन यह रिश्ता ज्यादा समय नहीं चला और 1979 में दोनों का तलाक हो गया। इसके बाद उन्होंने 1985 में अभिनेता मजहर खान से शादी की और 1998 में उनके निधन तक उनके साथ रहीं। जीनत ने बाद में अपनी दूसरी शादी को लेकर भी अपनी नाखुशी के बारे में बात की थी। ऐसे में रिश्तों को लेकर उनकी मौजूदा सोच को उनके निजी अनुभवों से भी जोड़कर देखा जाता है।

पहले उनकी इस सोच पर सवाल-

लिव-इन रिलेशनशिप पर जीनत अमान की राय से हर कोई सहमत हो, यह जरूरी नहीं है। उनकी समकालीन अभिनेत्रियों मुमताज और सायरा बानो भी पहले उनकी इस सोच पर सवाल उठा चुकी हैं। इसके बावजूद जीनत अपनी राय पर कायम हैं और आज के कपल्स को शादी से पहले एक-दूसरे को बेहतर तरीके से समझने की सलाह देती हैं।